सामुदायिक भवन में हुआ रोजगार मेले का आयोजन*
*सामुदायिक भवन में हुआ रोजगार मेले का आयोजन*
*एजेंसियों के कुल 871 पदों के लिए युवक-युवतियों की उमड़ी भीड़*
*अपनी सीमाओं एवं क्षमताओं का सहीं आकलन कर कार्यक्षेत्र का चुनाव करें युवा वर्ग-अध्यक्ष जिला पंचायत*
साइंस वाणी न्यूज़ से सरानंद मरकाम की रिपोर्ट 7000921203
*केशकाल कोण्डागांव, 23 जुलाई 2021/* जिला प्रशासन कोण्डागांव के तत्वाधान में जिला कौशल विकास प्राधिकरण द्वारा सामुदायिक भवन विकास नगर में आज रोजगार मेला का आयोजन किया गया था। इस मेले के माध्यम से 12 विभिन्न एजेंसियों द्वारा 871 पदों की रिक्तियां उपलब्ध कराई गई थी। इन नियोक्ताओं में कमाण्डो सेक्यूरिटी सर्विसेस, फ्यूजन माईक्रो फाइनेंस, अलर्ट एसजीएस प्राईवेट लिमिटेड, दंतेश्वरी होण्डा कोण्डागांव, शिवनाथ कृषक महेन्द्रा ट्रेक्टर्स कोण्डागांव, प्रथम एजुकेशन फाउण्डेशन सुकमा, परमेश्वरी मोटर्स कोण्डागांव, रालास आॅटो मोबोईल्स, आहूजा पेलेस, मांजीसा एग्रो प्रोड्क्टस (सभी कोण्डागांव) बाॅम्बे इंटेलीजेंट्स सेक्यूरिटी लिमिटेड, मिंडा इंडस्ट्रीज लिमिटेड तमिलनाडू जैसी कम्पनियों द्वारा हाॅटल मेनेजर, हाउस कीपिंग स्टाॅफ, सेक्यूरिटी सुपरवाईजर, सेक्यूरिटी गार्ड, टेलर, डाटा एंट्री आपरेटर, रिलेशन आॅफिसर, मार्केटिंग एक्सक्यूटिव, फर्निचर कारपेंटर, सेल्स असिसटेंट, ट्रेनी आॅटोमेटिव, इलेक्ट्रीकल, ड्राईवर, गार्डनर, इलेक्ट्रीशियन जैसे पदों पर नियुक्तियां की जायेगी।
उक्त रोजगार मेला में उपस्थित मुख्य अतिथि अध्यक्ष जिला पंचायत देवचंद मातलाम ने अपने उद्बोधन में कहा कि रोजगार का मतलब सिर्फ नौकरी ही नहीं है, बल्कि अन्य क्षेत्रों में भी बेहतर संभावनाओं को तलाशा जा सकता है। वर्तमान में शत् प्रतिशत बेराजगारों को नौकरी देना संभव नहीं है। अतः स्वरोजगार एक बेहतर विकल्प प्रस्तुत करता है। इसके अलावा जिला प्रशासन द्वारा युवक-युवतियों के स्वरोजगार हेतु विभिन्न प्रकार के प्रशिक्षण सत्र चलाये जा रहे हैं। जिससे बेरोजगार युवक-युवतियों को स्वयं का रोजगार स्थापित करने में मदद मिल सकती है। उन्होंने युवाओं को नसीहत दी कि युवक अपनी क्षमता अनुरूप पहले स्वयं को दक्ष बनाकर उस क्षेत्र में पूरी ईमानदारी से परिश्रम करें तो सफलता अवश्य मिलेगी। जिस तरह एक कृषक अपने खेत में पूरी क्षमता से मेहनत करता है, उसी के परिणाम स्वरूप उसको फसल भी मिलती है और यही बात हर क्षेत्र में लागू होती है। उन्होंने कहा कि कृषि क्षेत्र, उद्यानिकी एवं पशुपालन के वैज्ञानिक एवं आधुनिकतम तौर-तरीकों में प्रशिक्षित होकर स्वरोजगार स्थापित करना एक अच्छा पहल हो सकता है। इसके साथ ही उन्होंने युवाओं को शुभकामनाएं भी दी। इसके पूर्व जिला रोजगार अधिकारी पवन नेताम ने अपने विभाग के गतिविधियों की जानकारी देते हुए युवाओं से आग्रह किया कि जिले के युवा वर्तमान में प्रचलित रोजगार रूझानों पर निरंतर नजर रखें। सर्वप्रथम काबिल और हुनरमंद बनना इसकी प्रथम सीढ़ी है और खुद के आंकलन के पश्चात् जीवन का लक्ष्य तय करें। क्योंकि आंकलन के बाद ही स्वयं की प्रतिभा में निखार लाया जा सकता है और विकल्प के तौर पर आज स्वरोजगार के क्षेत्र में नये-नये ट्रेंड उपस्थित हो रहे हैं और कहने का तात्पर्य यह है कि वर्तमान में चल रहे ट्रेंड और बाजार मांग के आधार पर खुद को दक्ष बनाना समय की मांग है। इसके साथ ही उद्योग महाप्रबंधक अजीत कुमार टोप्पो ने भी अपने विभाग से संबंधित योजनाओं और कार्यक्रमों की विस्तार से युवाओं को अवगत कराया।
उल्लेखनीय है कि कलेक्टर श्री पुष्पेन्द्र कुमार मीणा के मार्गदर्शन में आयोजित इस रोजगार मेले में लगभग 20 दिव्यांगजनों ने भी अपना आवेदन दिया है। जिनके लिए टेलर, ड्राईवर, लिफ्ट मैन, आॅटोमेटिव इलेक्ट्रीकल और हाॅस्पिटीलिटी जैसे पदों में आरक्षण भी दिया गया है। इस अवसर पर डिप्टी कलेक्टर भरत राम ध्रुव, सहायक कार्यपालन अधिकारी जिला कौशल विकास प्राधिकरण पुनेश्वर वर्मा, सहायक संचालक समाज कल्याण श्रीमती ललिता लकड़ा सहित संबंधित अधिकारी उपस्थित थे।