प्रशासन की लापरवाही या जानबूझकर अनदेखी वनांचल क्षेत्र में स्वास्थ्य सुविधा ठप हजारों लोग परेशान¡ रात में ताला, दर्द में तड़पती महिलाएं—पिरदा स्वास्थ्य केन्द्र की सच्चाई¡ सरसींवा (सारंगढ़-बिलाईगढ़):- जिले के वनांचल क्षेत्र ग्राम पिरदा (भटगांव) में स्वास्थ्य व्यवस्था की बदहाल स्थिति ने प्रशासनिक तंत्र की गंभीर लापरवाही को उजागर कर दिया है। हजारों की आबादी वाले इस क्षेत्र में स्थित उप स्वास्थ्य केन्द्र पिरदा केवल नाम मात्र का रह गया है जहां कागजों में सुविधाएं मौजूद हैं लेकिन जमीनी हकीकत में ग्रामीणों को बुनियादी स्वास्थ्य सेवाओं के लिए भी संघर्ष करना पड़ रहा है। सबसे अधिक परेशानी गर्भवती एवं शिशुवती माताओं को हो रही है, जिन्हें इलाज और प्रसव के लिए नजदीक मे हॉस्पिटल के बाद भी मजबूरन भटगांव या बिलाईगढ़ जैसे दूरस्थ अस्पतालों का सहारा लेना पड़ता है। कई बार रात्रि में प्रसव पीड़ा होने पर महिलाओं को जोखिम भरे हालात में लंबी दूरी तय करनी पड़ती है, जो किसी भी समय गंभीर दुर्घटना या जनहानि का कारण बन सकता है। शासन द्वारा आदेश क्रमांक 2573 दिनांक 30 जून 2025 ...
उमरेली//छत्तीसगढ़ के कोरबा जिला के विकासखंड करतला अंतर्गत ग्राम पंचायत उमरेली से एक अत्यंत प्रेरणादायक और गौरवपूर्ण समाचार सामने आया है, जिसने पूरे क्षेत्र में उत्साह और खुशी का माहौल बना दिया है। *सफलता की कहानी* ग्राम उमरेली के निवासी महेंद्र कुमार देवांगन, जो यवन कुमार देवांगन के पुत्र हैं, का चयन भारतीय रेलवे में लोको पायलट (ट्रेन चालक) के पद पर हुआ है। यह उपलब्धि न केवल उनके परिवार के लिए बल्कि पूरे गांव और क्षेत्र के लिए गर्व का विषय बन गई है। *गांव में जश्न का माहौल* जैसे ही उनकी सफलता की खबर गांव और आसपास के इलाकों में फैली, उमरेली में खुशी की लहर दौड़ गई। बड़ी संख्या में ग्रामीण, रिश्तेदार और परिचित उनके घर पहुंचकर बधाई देने लगे। घर में उत्सव जैसा वातावरण बन गया—मिठाइयाँ बांटी जा रही हैं और लोग इस उपलब्धि पर गर्व व्यक्त कर रहे हैं। *परिवार और शिक्षकों का योगदान* महेंद्र कुमार देवांगन ने अपनी इस सफलता का श्रेय अपने माता-पिता, गुरुजनों और परिवार को दिया। उन्होंने बताया कि सीमित संसाधनों और कठिन परिस्थितियों के बावजूद उनके माता-पिता ने हमेशा उन्हें शिक्षा के लिए...