-->
लगातार बारिश के बीच नदी-नालों के बढ़ते जलस्तर पर प्रशासन हाई अलर्ट, जिले में बाढ़ नियंत्रण व्यवस्था सक्रियप्रदेश में भारी बारिश, गंगरेल के 14 गेट खुलने से महानदी का जल स्तर और बढ़ा, हीराकुंड के 16 गेट खुले,

लगातार बारिश के बीच नदी-नालों के बढ़ते जलस्तर पर प्रशासन हाई अलर्ट, जिले में बाढ़ नियंत्रण व्यवस्था सक्रियप्रदेश में भारी बारिश, गंगरेल के 14 गेट खुलने से महानदी का जल स्तर और बढ़ा, हीराकुंड के 16 गेट खुले,


कलमा बैराज के 66 गेट खुले, शाम 4 बजे जलस्तर 195.85 मीटर; संवेदनशील क्षेत्रों में मुनादी, मैदानी अमला लगातार निगरानी में, स्थिति नियंत्रण में

कलेक्टर ने एसडीएम, जल संसाधन विभाग और सभी एसडीएम तहसीलदारों की वर्चुअल बैठक लेकर लगातार बारिश और बाढ़ की स्थिति समीक्षा की

सारंगढ़–बिलाईगढ़,26 सितंबर 2026। प्रदेश में लगातार हो रही बारिश के बीच नदी-नालों और जलाशयों के बढ़ते जलस्तर को देखते हुए सारंगढ़-बिलाईगढ़ जिला प्रशासन ने बाढ़ की संभावित स्थिति से निपटने के लिए निगरानी और नियंत्रण व्यवस्था को सक्रिय कर दिया है। कलेक्टर पद्मिनी भोई साहू ने जिले के सभी अनुविभागीय अधिकारियों, तहसीलदारों और संबंधित मैदानी अमले को संवेदनशील एवं निचले क्षेत्रों पर लगातार नजर रखने तथा आवश्यकता पड़ने पर तत्काल राहत एवं बचाव की कार्रवाई सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं। जिला मुख्यालय के साथ तहसील एवं विकासखंड स्तर पर भी बाढ़ नियंत्रण व्यवस्था सक्रिय रखी जा रही है, ताकि किसी भी आपात स्थिति में सूचना और सहायता तत्काल उपलब्ध कराई जा सके। कलेक्टर ने एसडीएम, जल संसाधन विभाग और सभी एसडीएम तहसीलदारों की वर्चुअल बैठक लेकर लगातार बारिश और बाढ़ की स्थिति समीक्षा की और तैयारियों की विस्तृत जानकारी लेते हुए आवश्यक दिशा निर्देश दिए। 
जल संसाधन विभाग के कार्यपालन अभियंता श्री जे.एस. वारे ने बताया कि 26 सितंबर को शाम 4 बजे कलमा बैराज का जलस्तर 195.85 मीटर दर्ज किया गया है। बैराज का पूर्ण जलाशय स्तर 197 मीटर तथा खतरे का जलस्तर 198.50 मीटर है। वर्तमान में कलमा बैराज के 66 गेट पूर्ण रूप से खुले हैं और कोई भी गेट बंद नहीं है। बैराज में पानी का आवक एवं जावक प्रवाह 4,960.623 घन मीटर प्रति सेकंड यानी 1,75,159.59 क्यूसेक दर्ज किया गया है। दोपहर 2 बजे कलमा बैराज का जलस्तर 195.50 मीटर था, जो शाम 4 बजे बढ़कर 195.85 मीटर हो गया है। वहीं हीराकुंड जलाशय के 16 गेट खुले हैं और वहां से 3,00,432 क्यूसेक पानी छोड़ा जा रहा है। जलप्रवाह और जलस्तर की स्थिति को देखते हुए संबंधित विभागों द्वारा लगातार निगरानी की जा रही है।
जिले में साराडीह बैराज की स्थिति पर भी प्रशासन की नजर बनी हुई है। नदी किनारे बसे गांवों और निचले क्षेत्रों में मैदानी अमले को सक्रिय किया गया है। सरिया क्षेत्र के 22 बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में ग्रामवार मुनादी कराकर ग्रामीणों को नदी-नालों से दूर रहने और जलस्तर बढ़ने की स्थिति में सावधानी बरतने की जानकारी दी गई है। सारंगढ़ एसडीएम श्री उमेश ने बताया कि संबंधित गांवों के पंच, सरपंच एवं अन्य जनप्रतिनिधियों से लगातार संपर्क बनाए रखा गया है और स्थानीय स्तर पर स्थिति की जानकारी ली जा रही है। वर्तमान में जिले में बाढ़ की स्थिति नियंत्रण में है।
इधर बिलाईगढ़ एसडीएम श्रीमती ऋचा सिंह ने बताया कि बिलाईगढ़ एवं भटगांव क्षेत्र में महानदी के किनारे स्थित बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में जलस्तर और बाढ़ की स्थिति पर सतत निगरानी रखी जा रही है। संबंधित मैदानी अमले को सक्रिय रखा गया है और स्थानीय स्तर पर स्थिति की जानकारी लगातार ली जा रही है। फिलहाल बिलाईगढ़ एवं भटगांव क्षेत्र में बाढ़ की स्थिति नियंत्रण में है तथा किसी भी संभावित परिस्थिति से निपटने के लिए प्रशासन पूरी तरह सतर्क है।
बरमकेला तहसीलदार श्री कोमल साहू ने बताया कि लात नाला पुल, तिमरलगा-बरमकेला मार्ग पर वर्तमान में आवागमन बाधित नहीं है। क्षेत्र में कोटवारों के माध्यम से गांवों में मुनादी कराकर ग्रामीणों को नदी किनारे नहीं जाने तथा जलस्तर और तेज बहाव को देखते हुए सावधानी बरतने के लिए सचेत किया गया है। मैदानी स्तर पर स्थिति पर लगातार नजर रखी जा रही है।
संभावित बाढ़ या जलभराव की स्थिति में नागरिकों तक तत्काल सूचना और सहायता पहुंचाने के लिए जिला स्तरीय बाढ़ नियंत्रण कक्ष स्थापित किया गया है। जिला बाढ़ नियंत्रण कक्ष के दूरभाष क्रमांक 07788-299016 पर सूचना दी जा सकती है। तहसीलों एवं नगर पंचायतों में भी आवश्यकतानुसार नियंत्रण कक्ष स्थापित कर स्थानीय स्तर पर सूचना एवं सहायता की व्यवस्था सुनिश्चित की जा रही है।

उल्लेखनीय है प्रदेश में लगातार बारिश से उत्पन्न बाढ़ और जलभराव की स्थिति को देखते हुए मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने भी सभी संबंधित जिला कलेक्टरों को पूरी सतर्कता के साथ राहत एवं बचाव कार्य संचालित करने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने निचले इलाकों तथा नदी-नालों के आसपास बसे गांवों और बस्तियों पर विशेष नजर रखने, जलस्तर बढ़ने की स्थिति में लोगों को समय रहते सचेत करने तथा आवश्यकता पड़ने पर सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाने के निर्देश दिए हैं। आगामी दिनों में बारिश की संभावना को देखते हुए राहत एवं बचाव दलों को आवश्यक संसाधनों के साथ तैयार रखने तथा प्रशासन, पुलिस, पंचायत और संबंधित विभागों के बीच समन्वय बनाए रखने पर भी जोर दिया गया है।
जिला प्रशासन द्वारा जलाशयों, बैराजों, नदी-नालों और संवेदनशील क्षेत्रों की स्थिति पर लगातार नजर रखी जा रही है। प्रशासन ने नागरिकों से अपील की है कि उफनते नदी-नालों, तेज बहाव वाले स्थानों और जलभराव वाले क्षेत्रों में अनावश्यक रूप से न जाएं तथा स्थानीय प्रशासन और मैदानी अमले द्वारा जारी सावधानियों का पालन करें। किसी भी प्रकार की आपात स्थिति या जलस्तर में अचानक वृद्धि की सूचना तत्काल संबंधित नियंत्रण कक्ष को दें, ताकि समय रहते आवश्यक सहायता और राहत-बचाव की कार्रवाई की जा सके।
📙

1लगातार बारिश के बीच सारंगढ़-बिलाईगढ़ जिले में

2 प्रशासन अलर्ट, नदी-नालों एवं बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में सतत निगरानी।

3.कलमा बैराज के सभी 66 गेट खुले, शाम 4 बजे जलस्तर 195.85 मीटर और 1,75,159.59 क्यूसेक पानी का प्रवाह दर्ज।

4.हीराकुंड जलाशय के 16 गेट खुले, 3,00,432 क्यूसेक पानी छोड़ा जा रहा।

5.कलेक्टर पद्मिनी भोई साहू ने एसडीएम, तहसीलदार एवं मैदानी अमले को संवेदनशील क्षेत्रों में लगातार निगरानी के दिए निर्देश।

6.सरिया क्षेत्र के 22 बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में ग्रामवार मुनादी कर ग्रामीणों को किया गया सतर्क।

7.बिलाईगढ़-भटगांव क्षेत्र में महानदी किनारे बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों की सतत निगरानी, फिलहाल स्थिति नियंत्रण में 

8.तिमरलगा-बरमकेला मार्ग पर लात नाला पुल से आवागमन बाधित नहीं, कोटवारों के माध्यम से ग्रामीणों को नदी किनारे नहीं जाने की दी गई समझाइश : 

9.जिला मुख्यालय सहित तहसील एवं नगर पंचायत स्तर पर बाढ़ नियंत्रण व्यवस्था सक्रिय।

10.जिला बाढ़ नियंत्रण कक्ष : 07788-299016, आपात सूचना के लिए पुलिस एवं आपदा प्रबंधन अधिकारियों के नंबर भी जारी।

11.मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने कलेक्टरों को राहत-बचाव कार्यों में पूरी सतर्कता और निचले इलाकों में विशेष निगरानी के दिए निर्देश।

Ads on article

Advertise in articles 1

advertising articles 2

Advertise under the article