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अतिवृष्टि से किसानों की फसलें बर्बाद, आर्थिक संकट गहरायाभारतीय तेलिक साहू राठौर महासभा ने मुख्यमंत्री से की सर्वे कराकर मुआवजा दिलाने की मांगचरन सिंह/मनीषा ललितपुर। जिले में लगातार हुई भारी बारिश एवं अतिवृष्टि से किसानों की फसलों को हुए नुकसान का मामला अब जोर पकड़ने लगा है। भारतीय तेलिक साहू राठौर महासभा (पंजीकृत) ने मुख्यमंत्री उत्तर प्रदेश सरकार तथा जिलाधिकारी ललितपुर को ज्ञापन भेजकर प्रभावित किसानों की फसलों का सर्वे कराकर उचित क्षतिपूर्ति एवं मुआवजा दिलाए जाने की मांग की है।संगठन की ओर से दिए गए ज्ञापन में कहा गया है कि ललितपुर एवं आसपास के क्षेत्रों में लगातार हुई भारी बारिश और अतिवृष्टि के कारण किसानों की खड़ी फसलें बुरी तरह प्रभावित हुई हैं। कई स्थानों पर खेतों में पानी भरने से फसलें खराब होने की स्थिति पैदा हो गई है, जिससे किसानों के सामने गंभीर आर्थिक संकट खड़ा हो गया है।ज्ञापन में कहा गया कि किसान पहले ही खेती की लागत, खाद-बीज और अन्य खर्चों का बोझ उठा रहे हैं। ऐसे में प्राकृतिक आपदा से फसल खराब होने के कारण गरीब किसान परिवारों के सामने भरण-पोषण, बच्चों की पढ़ाई और दैनिक आवश्यकताओं को पूरा करने की चुनौती खड़ी हो गई है।संगठन ने शासन-प्रशासन से मांग की है कि प्रभावित क्षेत्रों में तत्काल राजस्व एवं कृषि विभाग की संयुक्त टीम भेजकर खेतों का निष्पक्ष सर्वे और नुकसान का आकलन कराया जाए। इसके आधार पर पात्र किसानों को शीघ्र मुआवजा एवं अन्य सरकारी सहायता उपलब्ध कराई जाए।महासभा ने कहा कि समय रहते आर्थिक सहायता मिलने से प्राकृतिक आपदा से प्रभावित किसान परिवारों को बड़ी राहत मिल सकेगी।ज्ञापन पर संगठन के पदाधिकारियों एवं अन्य लोगों के हस्ताक्षर हैं। अब प्रभावित किसानों को उम्मीद है कि प्रशासन फसल नुकसान का आकलन कराकर उन्हें जल्द राहत उपलब्ध कराने की दिशा में कार्रवाई करेगा।

अतिवृष्टि से किसानों की फसलें बर्बाद, आर्थिक संकट गहरायाभारतीय तेलिक साहू राठौर महासभा ने मुख्यमंत्री से की सर्वे कराकर मुआवजा दिलाने की मांगचरन सिंह/मनीषा ललितपुर। जिले में लगातार हुई भारी बारिश एवं अतिवृष्टि से किसानों की फसलों को हुए नुकसान का मामला अब जोर पकड़ने लगा है। भारतीय तेलिक साहू राठौर महासभा (पंजीकृत) ने मुख्यमंत्री उत्तर प्रदेश सरकार तथा जिलाधिकारी ललितपुर को ज्ञापन भेजकर प्रभावित किसानों की फसलों का सर्वे कराकर उचित क्षतिपूर्ति एवं मुआवजा दिलाए जाने की मांग की है।संगठन की ओर से दिए गए ज्ञापन में कहा गया है कि ललितपुर एवं आसपास के क्षेत्रों में लगातार हुई भारी बारिश और अतिवृष्टि के कारण किसानों की खड़ी फसलें बुरी तरह प्रभावित हुई हैं। कई स्थानों पर खेतों में पानी भरने से फसलें खराब होने की स्थिति पैदा हो गई है, जिससे किसानों के सामने गंभीर आर्थिक संकट खड़ा हो गया है।ज्ञापन में कहा गया कि किसान पहले ही खेती की लागत, खाद-बीज और अन्य खर्चों का बोझ उठा रहे हैं। ऐसे में प्राकृतिक आपदा से फसल खराब होने के कारण गरीब किसान परिवारों के सामने भरण-पोषण, बच्चों की पढ़ाई और दैनिक आवश्यकताओं को पूरा करने की चुनौती खड़ी हो गई है।संगठन ने शासन-प्रशासन से मांग की है कि प्रभावित क्षेत्रों में तत्काल राजस्व एवं कृषि विभाग की संयुक्त टीम भेजकर खेतों का निष्पक्ष सर्वे और नुकसान का आकलन कराया जाए। इसके आधार पर पात्र किसानों को शीघ्र मुआवजा एवं अन्य सरकारी सहायता उपलब्ध कराई जाए।महासभा ने कहा कि समय रहते आर्थिक सहायता मिलने से प्राकृतिक आपदा से प्रभावित किसान परिवारों को बड़ी राहत मिल सकेगी।ज्ञापन पर संगठन के पदाधिकारियों एवं अन्य लोगों के हस्ताक्षर हैं। अब प्रभावित किसानों को उम्मीद है कि प्रशासन फसल नुकसान का आकलन कराकर उन्हें जल्द राहत उपलब्ध कराने की दिशा में कार्रवाई करेगा।




चरन सिंह प्रभारी उत्तर प्रदेश एवं मनीषा विशेष संवाददाता उत्तर प्रदेश 

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