हिमाल गुसैन बने ‘सुसीमा ट्रॉफी’ के चैंपियन, अंबिकापुर में राष्ट्रीय शतरंज प्रतियोगिता का भव्य समापनइंटरनेशनल मास्टर हिमाल गुसैन ने 7.5 अंकों के साथ जीता खिताब, उपविजेता कौस्तुभ कुण्डु को मिले ₹41 हजार; देशभर के 250 से अधिक खिलाड़ियों ने दिखाया दमखम
26 अक्टूबर 2026
संवाददाता : संतोष कुमार चौहान / साइंस वाणी न्यूज़, अंबिकापुर
अंबिकापुर, 26 अक्टूबर 2026। छत्तीसगढ़ के अंबिकापुर में सुसीमा वेल्फेयर फाउंडेशन के तत्वावधान में आयोजित चार दिवसीय सुसीमा ट्रॉफी ऑल इंडिया ओपन फिडे रेटेड क्लासिकल चेस टूर्नामेंट 2026 का सफलतापूर्वक समापन हुआ। प्रतियोगिता में देशभर से आए 250 से अधिक प्रतिभाशाली शतरंज खिलाड़ियों ने हिस्सा लेकर अपनी बौद्धिक क्षमता, रणनीतिक कौशल और खेल भावना का शानदार प्रदर्शन किया। आठ चक्रों में आयोजित इस राष्ट्रीय स्तर की प्रतियोगिता में अंतिम मुकाबलों तक खिलाड़ियों के बीच कड़ा संघर्ष देखने को मिला।
हिमाल गुसैन ने शानदार प्रदर्शन से जीता खिताब
प्रतियोगिता के अंतिम और निर्णायक चक्र में पहले बोर्ड पर कोलकाता के इंटरनेशनल मास्टर (IM) हिमाल गुसैन, जिनकी रेटिंग 2411 थी, ने मध्य प्रदेश के मजबूत खिलाड़ी वैभव नेमा को पराजित कर खिताब अपने नाम किया। हिमाल गुसैन ने कुल 7.5 अंक हासिल करते हुए प्रतियोगिता में पहला स्थान प्राप्त किया। उन्हें विजेता ट्रॉफी के साथ 61 हजार रुपये की नकद पुरस्कार राशि प्रदान की गई।
दूसरे बोर्ड पर पश्चिम बंगाल के कौस्तुभ कुण्डु और छत्तीसगढ़ के प्रतिभाशाली खिलाड़ी यशद बाम्बेश्वर के बीच मुकाबला बराबरी पर समाप्त हुआ। कौस्तुभ कुण्डु ने सात अंक अर्जित कर दूसरा स्थान हासिल किया। उन्हें उपविजेता ट्रॉफी के साथ 41 हजार रुपये की पुरस्कार राशि से सम्मानित किया गया।
वहीं महाराष्ट्र के श्रेयश घादी ने छत्तीसगढ़ के खिलाड़ी विनोद कुमार शर्मा को हराकर तीसरा स्थान प्राप्त किया। उन्हें 27 हजार रुपये की नकद पुरस्कार राशि प्रदान की गई।
शीर्ष आठ खिलाड़ियों ने हासिल किए शानदार अंक
प्रतियोगिता में शीर्ष स्थान प्राप्त करने वाले खिलाड़ियों का प्रदर्शन इस प्रकार रहा—
- प्रथम स्थान: हिमाल गुसैन — 7.5 अंक, ₹61,000।
- द्वितीय स्थान: कौस्तुभ कुण्डु — 7 अंक, ₹41,000।
- तृतीय स्थान: श्रेयश घादी — ₹27,000।
- चतुर्थ स्थान: यशद बाम्बेश्वर (छत्तीसगढ़) — 6.5 अंक, ₹21,000।
- पंचम स्थान: तनिष्क कुमार (झारखंड) — 6.5 अंक, ₹15,000।
- छठवां स्थान: गगन साहू (छत्तीसगढ़) — 6.5 अंक, ₹13,000।
- सातवां स्थान: सप्तऋषि तालुकदार (पश्चिम बंगाल) — 6.5 अंक, ₹11,000।
- आठवां स्थान: कैडिडेट मास्टर (CM) विनोद कुमार शर्मा (छत्तीसगढ़) — 6.5 अंक, ₹9,100।
विभिन्न श्रेणियों में भी खिलाड़ियों ने दिखाई प्रतिभा
मुख्य वर्ग के अलावा प्रतियोगिता में रेटिंग और आयु आधारित विभिन्न श्रेणियों के खिलाड़ियों को भी सम्मानित किया गया।
1650 से कम रेटिंग वर्ग: मध्य प्रदेश के यशवर्धन सिंह चौहान ने पहला, छत्तीसगढ़ के साहिल सागर ने दूसरा और अंबिकापुर के सात वर्षीय नन्हे खिलाड़ी प्रज्वल पांडे ने तीसरा स्थान प्राप्त किया।
अनरेटेड वर्ग: छत्तीसगढ़ के शुभम कुमार पहले और जशपुर के एलन रफेल लकड़ा दूसरे स्थान पर रहे।
सरगुजा संभाग विशेष पुरस्कार: सूरजपुर के अभिषेक राजवाड़े ने प्रथम, अंबिकापुर के अंशुमान सहाय ने द्वितीय और रोहन गुप्ता ने तृतीय स्थान प्राप्त किया। सीतापुर के सुशील कुमार चौथे तथा जशपुर के गणेश राम भगत पांचवें स्थान पर रहे।
इसके अतिरिक्त अंडर-15, अंडर-13, अंडर-11, अंडर-9 और अंडर-7 आयु वर्गों में बालक एवं बालिका खिलाड़ियों को सम्मानित किया गया। बेस्ट फीमेल और बेस्ट वेटरन (60 वर्ष से अधिक) श्रेणियों में भी उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले खिलाड़ियों को ट्रॉफी एवं नकद पुरस्कार प्रदान किए गए।
जिला शिक्षा अधिकारी ने बढ़ाया खिलाड़ियों का उत्साह
प्रतियोगिता के सातवें चक्र के बाद सरगुजा जिले के जिला शिक्षा अधिकारी डॉ. दिनेश कुमार झा ने आयोजन स्थल का दौरा किया। उन्होंने खिलाड़ियों से मुलाकात कर उनका उत्साहवर्धन किया और सरगुजा को शतरंज के राष्ट्रीय मंच पर पहचान दिलाने के लिए आयोजकों की सराहना की। उन्होंने भविष्य में भी इस तरह के बड़े खेल आयोजनों की उम्मीद जताई।
महापौर मंजूषा भगत ने अंतरराष्ट्रीय स्तर तक पहुंचाने का दिया भरोसा
पुरस्कार वितरण समारोह की मुख्य अतिथि अंबिकापुर की महापौर मंजूषा भगत रहीं। उन्होंने प्रतियोगिता के आयोजन की सराहना करते हुए सुसीमा ट्रॉफी को अंतरराष्ट्रीय स्तर का मंच दिलाने के लिए हरसंभव सहयोग करने की घोषणा की।
इस अवसर पर विशिष्ट अतिथि के रूप में भारती वैष्णव, मंजू जायसवाल और डॉ. मनीषा जायसवाल उपस्थित रहीं। अतिथियों ने विजेता खिलाड़ियों को पदक और ट्रॉफियां प्रदान कर उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की।
आयोजकों और निर्णायक मंडल का रहा महत्वपूर्ण योगदान
कार्यक्रम की अध्यक्षता फाउंडेशन के अध्यक्ष रमानंद जायसवाल ने की। समारोह को छत्तीसगढ़ प्रदेश शतरंज संघ के संयुक्त सचिव सरोज कुमार वैष्णव, आयोजन समिति के अध्यक्ष बिश्वनाथ मनियन तथा सुसीमा वेल्फेयर फाउंडेशन के सचिव विश्वास तिवारी ने भी संबोधित किया। स्वागत भाषण फाउंडेशन के अध्यक्ष सुजित जायसवाल ने दिया, जबकि कार्यक्रम का संचालन सत्येंद्र प्रजापति ने किया।
प्रतियोगिता को निष्पक्ष और पारदर्शी ढंग से संपन्न कराने में इंटरनेशनल चीफ आर्बिटर विशाल कुमार मिंज, डिप्टी चीफ आर्बिटर प्रदीप मंडल और रॉकी देवांगन ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।
आयोजन को सफल बनाने में दिनेश कुमार सिंह, संतोष बैगा, नवीन जायसवाल, जिला शतरंज संघ के अध्यक्ष आर.के.एस. राणा, एस.एस.पी. वर्मा, शेषरतन जायसवाल, रविशंकर गुप्ता, श्रीराम पांडेय, नीलेश श्रीवास्तव, मालती भगत, सुनीता राजवाड़े, चांदनी अगरिया, अमृता तिर्की सहित पूरी आयोजन एवं ऑफिशियल्स टीम का सराहनीय योगदान रहा।
राष्ट्रीय मंच पर उभरी शतरंज प्रतिभाएं
सुसीमा ट्रॉफी ऑल इंडिया ओपन फिडे रेटेड क्लासिकल चेस टूर्नामेंट 2026 ने अंबिकापुर को राष्ट्रीय शतरंज मानचित्र पर एक महत्वपूर्ण मंच प्रदान किया। प्रतियोगिता में अनुभवी खिलाड़ियों के साथ युवा और बाल प्रतिभाओं को भी अपनी क्षमता दिखाने का अवसर मिला। आयोजन ने क्षेत्र में शतरंज के प्रति रुचि बढ़ाने, नई प्रतिभाओं को प्रोत्साहित करने और खेल संस्कृति को मजबूत बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण योगदान दिया।