सीधे मुख्य सामग्री पर जाएं

दिमाग घुटनों में? — एक सोच का आईना”


“लड़कियों का दिमाग घुटनों में होता है”—यह वाक्य सुनते ही प्रश्न उठता है कि इसे हल्का-फुल्का व्यंग मानें या नासमझी की पराकाष्ठा।

जब-जब यह बात मेरे सामने आती है, मैं सोचने को मजबूर हो जाती हूँ कि इतनी बेतुकी कल्पना आखिर जन्म कहाँ लेती है। क्या सच में किसी के शरीर का कोई अंग उसकी बुद्धि का स्थान तय करता है, या यह केवल एक ऐसी सोच है जो तर्क के अभाव में पल्लवित होती है?

यदि लड़कियों की बुद्धि पर प्रश्न उठाया जाता है, तो स्वाभाविक ही सवाल उठता है—ऐसी बातें कहने वाली सोच का स्तर क्या है? क्योंकि स्वस्थ और विवेकशील मन में इस प्रकार की तुच्छ धारणाएँ पनप ही नहीं सकतीं।

वास्तविकता यह है कि बुद्धि का कोई लिंग नहीं होता। यह न तो घुटनों में बसती है, न ही किसी विशेष वर्ग की संपत्ति है। यह तो शिक्षा, अनुभव और अवसरों से विकसित होती है।

आज महिलाएँ हर क्षेत्र में अपनी क्षमता का प्रमाण दे रही हैं—विज्ञान, साहित्य, राजनीति, खेल—हर जगह। ऐसे में इस प्रकार के कथन केवल हँसी का विषय नहीं, बल्कि उस सोच का दर्पण हैं जो समय के साथ चलने से इंकार करती है।

आवश्यकता इस बात की है कि हम ऐसे वाक्यों पर हँसकर आगे न बढ़ जाएँ, बल्कि उन्हें चुनौती दें—ताकि आने वाली पीढ़ियाँ एक अधिक सम्मानजनक और समान सोच वाले समाज में साँस ले सकें।

ऋचा चंद्राकर (महासमुंद)

टिप्पणियाँ

इस ब्लॉग से लोकप्रिय पोस्ट

दुष्कर्म, डकैती और फरारी के बाद गांव में छिपकर चला रहा था ऑनलाइन बेटिंग का नेटवर्क, ऑपरेशन अंकुश में रायगढ़ के छाल पुलिस की बड़ी कार्रवाही

       रायगढ़, 4 अप्रैल । रायगढ़ पुलिस द्वारा “ऑपरेशन अंकुश” के तहत जिले में जुआ-सट्टा और ऑनलाइन बेटिंग के खिलाफ लगातार सख्त अभियान चलाया जा रहा है। इसी कड़ी में थाना छाल पुलिस को उस समय बड़ी सफलता मिली जब ऑनलाइन क्रिकेट सट्टे पर की गई कार्रवाई में एक ऐसा आरोपी पुलिस के हत्थे चढ़ा, जो पूर्व में दुष्कर्म और डकैती जैसे गंभीर अपराधों में संलिप्त रह चुका है और लंबे समय से फरार चल रहा था। पुलिस कार्रवाई से क्षेत्र में हड़कंप मच गया।       पुलिस जांच में सामने आया कि ग्राम बरभौना निवासी चंद्रभूषण डनसेना उर्फ चिन्दु कोई साधारण सटोरिया नहीं, बल्कि गंभीर आपराधिक पृष्ठभूमि वाला आरोपी है। मार्च 2023 में छाल क्षेत्र की एक युवती की रिपोर्ट पर उसके विरुद्ध दुष्कर्म का अपराध दर्ज हुआ था, जिसमें गिरफ्तारी के बाद वह जेल भेजा गया था। जमानत पर छूटने के बाद आरोपी ने रायपुर के पंडरी थाना क्षेत्र स्थित एक ट्रेडिंग ऑफिस में अपने साथियों के साथ डकैती की बड़ी वारदात को अंजाम दिया था। इस मामले में आरोपी लंबे समय से फरार था और उसके विरुद्ध आगे की चालानी कार्रवाई की गई थी। फरारी क...

खरसिया में भीषण सड़क हादसा: ट्रेलर और स्कॉर्पियो की जोरदार टक्कर, 7 घायल—महिलाओं की हालत गंभीर

खरसिया :- क्षेत्र के भालूनारा बैरियर मोड़ पर शनिवार शाम को एक दर्दनाक सड़क हादसा हो गया, जिसमें ट्रेलर और स्कॉर्पियो के बीच जोरदार टक्कर हो गई। टक्कर इतनी भीषण थी कि स्कॉर्पियो वाहन बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गया। प्राप्त जानकारी के अनुसार, स्कॉर्पियो में कुल 7 लोग सवार थे, जिनमें 4 पुरुष और 3 महिलाएं शामिल थीं। हादसे में सभी घायल हो गए, जबकि तीनों महिलाओं को गंभीर चोटें आई हैं, जिनकी हालत चिंताजनक बताई जा रही है। घटना की सूचना मिलते ही खरसिया पुलिस तत्काल मौके पर पहुंची और राहत एवं बचाव कार्य शुरू किया। सभी घायलों को तुरंत खरसिया सिविल अस्पताल पहुंचाया गया, जहां उनका इलाज जारी है। फिलहाल पुलिस मामले की जांच कर रही है और हादसे के कारणों का पता लगाया जा रहा है। स्थानीय लोगों के अनुसार, यह मोड़ पहले भी कई दुर्घटनाओं का गवाह रह चुका है, जिससे यहां सुरक्षा व्यवस्था बढ़ाने की मांग उठ रही है।

ग्राम पंचायत लिबरा में सख्त निर्णय, नशा और शासकीय संपत्ति को लेकर कड़ा नियम लागू

संवाददाता – संतोष कुमार चौहान साइंस वाणी न्यूज़, लैलूंगा लैलूंगा। क्षेत्र के ग्राम पंचायत लिबरा में ग्राम के विकास, अनुशासन एवं सामाजिक व्यवस्था को मजबूत करने के उद्देश्य से एक महत्वपूर्ण बैठक का आयोजन किया गया। इस बैठक में ग्राम पंचायत लिबरा के सचिव, सरपंच, उपसरपंच, पंचायत पंच, होर्रोगुडा आश्रित ग्राम एवं लिबरा के गणमान्य नागरिक बड़ी संख्या में उपस्थित रहे। बैठक के दौरान ग्राम की वर्तमान परिस्थितियों, बढ़ती अव्यवस्थाओं तथा शासकीय परिसरों के आसपास होने वाली अनुशासनहीन गतिविधियों पर गंभीरता से चर्चा की गई। उपस्थित नागरिकों ने अपने-अपने विचार रखे और सामूहिक रूप से ग्राम के हित में ठोस निर्णय लेने पर सहमति जताई। बैठक में सर्वसम्मति से यह महत्वपूर्ण निर्णय लिया गया कि ग्राम पंचायत लिबरा के अंतर्गत आने वाले किसी भी शासकीय भवन या परिसर के आसपास यदि कोई व्यक्ति नशा करते हुए पाया जाता है, तो उसके विरुद्ध कड़ी कार्रवाई करते हुए ₹50,000 (पचास हजार रुपये) का जुर्माना लगाया जाएगा। यह निर्णय ग्राम में बढ़ती नशाखोरी पर अंकुश लगाने तथा सार्वजनिक स्थलों की गरिमा बनाए रखने के उद्देश्य से लि...